इवेंट कंपनी की आड़ में हाईप्रोफाइल पार्टियों में एमडी ड्रग्स सप्लाई करने वाला गिरोह उजागर, दो युवतियों समेत तीन गिरफ्तार
इंदौर। कनाड़िया थाना पुलिस ने एमडी ड्रग्स की सप्लाई करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है, जो शहर की हाईप्रोफाइल पार्टियों को निशाना बनाकर नशा पहुंचा रहा था। गिरोह का मुख्य संचालक इवेंट और केटरिंग का काम करता था और पब, रेस्टोरेंट, बार व फार्म हाउस में होने वाली पार्टियों में युवतियों के जरिए ड्रग्स की आपूर्ति कराता था।
पुलिस के अनुसार, सोमवार रात कोहेफिजा कॉलोनी (भोपाल) निवासी आबान शकील को 5 ग्राम एमडी ड्रग्स के साथ गिरफ्तार किया गया था। आबान लग्जरी कारों का शौकीन बताया गया है और वह पब में पार्टी करने के लिए आया था। पुलिस ने उसे कार सहित पकड़ा। पूछताछ में उसने खुलासा किया कि एमडी ड्रग्स उसने महालक्ष्मीनगर ए-सेक्टर निवासी बाबा से खरीदी थी।
इस जानकारी के आधार पर गुरुवार शाम कनाड़िया थाना प्रभारी सहर्ष यादव की टीम ने बाबा उर्फ वैभव शर्मा को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के समय वह सफेद रंग की ईको कार से ड्रग्स की डिलीवरी देने जा रहा था। कार में उसके साथ आलिशा उर्फ जैनी निवासी सुभाषनगर, रतलाम और रिशूजा उर्फ नेहा निवासी अंधेरी ईस्ट, मुंबई भी मौजूद थीं। तलाशी के दौरान दोनों युवतियों के पास से भी एमडी ड्रग्स की पुड़ियां बरामद की गईं। सूत्रों के मुताबिक, आलिशा की 56 दुकान क्षेत्र में कपड़ों की दुकान है और वह ड्रग्स की सप्लाई में भी शामिल रही है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि बाबा के साथ इवेंट और केटरिंग के काम से जुड़ी ये दोनों युवतियां शहर के सभ्रांत परिवारों के युवक-युवतियों के संपर्क में थीं। आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि वे रतलाम, मंदसौर और प्रतापगढ़ के तस्करों से एमडी ड्रग्स खरीदकर इंदौर में होने वाली पार्टियों में सप्लाई करते थे। बाबा इवेंट आयोजित करने के साथ-साथ ड्रग्स की व्यवस्था भी करता था और उसने हाईप्रोफाइल पार्टियों में युवतियों को भेजने की बात भी स्वीकार की है।
खजराना से स्कीम-78 तक फैला नेटवर्क
पुलिस के अनुसार, इस गिरोह के तार शहर के कई पैडलरों और तस्करों से जुड़े हुए हैं। आरोपी खजराना क्षेत्र के गोल्डन और गुलाब बाग कॉलोनी के सागर उर्फ सैंडो व हेमंत जैन से भी ड्रग्स खरीदते थे। हेमंत की पत्नी, जिसे ‘आंटी’ के नाम से जाना जाता है, के भी नशे के कारोबार से जुड़े होने की जानकारी सामने आई है। इसके अलावा स्कीम-78, महालक्ष्मीनगर, विजयनगर, राजेंद्रनगर, खजराना और श्रीनगर कांकड़ इलाके के पैडलर भी बाबा के संपर्क में थे। पुलिस के मुताबिक, आरोपी कॉल डिटेल से बचने के लिए इंटरनेट कॉलिंग का इस्तेमाल करते थे।








