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Bina news : गाय चराने को लेकर बुजुर्ग पर हंसिया से हमला, पुलिस केस दर्ज

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Bina news : ( बीना, मध्य प्रदेश ) बीना क्षेत्र के ग्राम नईबस्ती भरछा की सरकारी जमीन पर गाय चराने को लेकर शनिवार को बड़ा विवाद हो गया। स्थानीय “बीना क्राइम न्यूज़” रिपोर्ट के अनुसार, एक 57 वर्षीय बुजुर्ग ग्यारसी अहिरवार को एक ग्रामीण ने दरांती से बेरहमी से घायल कर दिया। यह घटना मध्य प्रदेश में बढ़ती ग्रामीण हिंसा और पुलिस मामलों की सूची में एक और चिंता जनक मामला है .

गाय चराने पर हुआ हमला

शनिवार दोपहर लगभग 3:30 बजे ग्यारसी अहिरवार अपनी पत्नी कमलरानी के साथ आठ गायों को मरघटा के पास सरकारी जमीन पर चरा रहे थे। तभी गांव के बाबा अशोक मीणा बंजारी मौके पर पहुंचे और गाय चराने पर आपत्ति जताई ।

ग्यारसी ने स्पष्ट किया कि वे सरकारी जमीन पर ही मवेशी चरा रहे हैं, लेकिन अशोक मीणा ने पहले गाली-गलौज की और फिर गुस्से में आकर दरांती से हमला कर दिया। पहले वार में ग्यारसी की दाहिनी पिंडली फट गई, दूसरा वार कमर पर किया गया और अन्य वारों से उनके बायें हाथ, कूल्हे और जांघ पर चोटें आईं।

ग्रामीणों ने बीच बचाव किया

बीना में ग्रामीण हिंसा की घटनाओं के बीच, इस मामले में ग्यारसी की पत्नी और मौजूद ग्रामीणों ने तुरंत बीच-बचाव कर पिटाई रुकवाई। चश्मदीदों—बलिराम अहिरवार और गोपाल चढ़ार—ने घटना को देखा और पुलिस को पूरी जानकारी दी। अशोक मीणा ने जाते-जाते जान से मारने की धमकी भी दी ।

पुलिस केस: आरोपी की तलाश

बीना थाना पुलिस ने मारपीट और धमकी की शिकायत को गंभीरता से लिया और मामला दर्ज किया। घटनास्थल का निरीक्षण किया गया है और आरोपी की खोज तेज कर दी गई है। लगातार बीना पुलिस नए मामलों में तेजी से कार्रवाई कर रही है, जिससे आमजन में सुरक्षा का विश्वास बढ़ रहा है ।

मध्य प्रदेश में बढ़ती ग्रामीण हिंसा

मध्य प्रदेश ग्रामीण हिंसा के आंकड़ों के अनुसार, बीना सहित राज्य के कई इलाकों में जमीन और चराई के विवाद अकसर हिंसक रूप ले लेते हैं। पुलिस लगातार इन मामलों में कड़ी कार्रवाई कर रही है ताकि अपराधियों में डर बना रहे और ग्रामीणों को न्याय मिले

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हमारे बारे में योगेश दत्त तिवारी पिछले 20 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं और मीडिया की दुनिया में एक विश्वसनीय और सशक्त आवाज के रूप में अपनी पहचान बना चुके हैं। अपने समर्पण, निष्पक्षता और जनहित के प्रति प्रतिबद्धता के चलते उन्होंने पत्रकारिता में एक मजबूत स्थान बनाया है। पिछले 15 वर्षों से वे प्रतिष्ठित दैनिक समाचार पत्र 'देशबंधु' में संपादक के रूप में कार्यरत हैं। इस भूमिका में रहते हुए उन्होंने समाज के ज्वलंत मुद्दों को प्रमुखता से उठाया है और पत्रकारिता के उच्चतम मानकों को बनाए रखा है। उनकी लेखनी न सिर्फ तथ्यपरक होती है, बल्कि सामाजिक चेतना को भी जागृत करती है। योगेश दत्त तिवारी का उद्देश्य सच्ची, निष्पक्ष और जनहितकारी पत्रकारिता को बढ़ावा देना है। उन्होंने हमेशा युवाओं को जिम्मेदार पत्रकारिता के लिए प्रेरित किया है और पत्रकारिता को सिर्फ एक पेशा नहीं, बल्कि समाज सेवा का माध्यम माना है। उनकी संपादकीय दृष्टि, विश्लेषणात्मक क्षमता और निर्भीक पत्रकारिता समाज के लिए प्रेरणास्रोत रही है।
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