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मूलभूत सुविधाओं के अभाव में ग्रामीण कर रहे पलायन, बच्चों की नहीं हो रही शादी

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मूलभूत सुविधाओं के अभाव में ग्रामीण कर रहे पलायन, बच्चों की नहीं हो रही शादी

विशाल रजक तेंदूखेड़ा – जनपद पंचायत के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत इमलीडोल के आश्रित ग्राम जरुआ का हाल चिंताजनक है। यह गांव बिजली, पानी और पक्के सड़क मार्ग जैसी मूलभूत सुविधाओं से वंचित है। गांव मुख्य मार्ग से लगभग 5 किलोमीटर दूर जंगली क्षेत्र में स्थित है। यहां तक पहुंचने के लिए जंगली मार्ग या कच्चे मार्ग से होकर जाना पड़ता है, जो गड्ढों और नालों से भरा है। इन कठिन रास्तों के कारण ग्रामीणों का आवागमन बेहद कठिन और जोखिम भरा है। पिछले वर्ष  जरुआ ग्राम के लोगो ,ग्राम सरपंच एवं महिलाएं भी शामिल थीं, ने जिला कलेक्टर से मिलकर सड़क बनाने की मांग की थी। इसके लिए गांव के सरपंच और ग्रामीणों ने आवेदन किया था। कलेक्टर ने नवंबर से सड़क निर्माण का आश्वासन दिया था, लेकिन आज तक इस आश्वासन को पूरा नहीं किया गया। ग्रामीण इस स्थिति से निराश हैं और प्रशासन की अनदेखी को गंभीर समस्या मान रहे हैं। गांव के लोग बताते हैं कि यह स्थिति उन्हें सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़ा बना रही है। पानी और सड़क जैसी सुविधाओं के अभाव में आधा गांव पलायन कर चुका है। जो लोग बचे हैं, वे कठिन परिस्थितियों में जीवन यापन कर रहे हैं। जरुआ गांव में आदिवासी और यादव समाज के लोग अधिक हैं। यहां के लोग बताते हैं कि पानी की कमी और खराब आवागमन के कारण बच्चों की शादी करना भी मुश्किल हो गया है। कई परिवार अपनी बेटियों की शादी के लिए पहले दूसरे गांव में आवास बनाते हैं, फिर वहां शादी संपन्न होती है। यह स्थिति बताती है कि मूलभूत सुविधाओं के अभाव में ग्रामीण सामाजिक और पारिवारिक जीवन में भी बाधाओं का सामना कर रहे हैं। गांव में लगभग 20 साल पहले नाला पर एक रिपटा (पुल) बनाया गया था, लेकिन यह भी जर्जर हो चुका है। बारिश के समय रिपटा पानी में डूब जाता है और गांव लगभग टापू बन जाता है। इस दौरान आपातकालीन समय में किसी भी बीमार व्यक्ति तक पहुंचना लगभग असंभव हो जाता है। ग्रामीणों की माने तो यदि शासन और प्रशासन तुरंत संज्ञान न लें और मूलभूत सुविधाओं का विकास न करें, तो पलायन और सामाजिक असमर्थता और बढ़ेगी। बिजली, पानी, सड़क और आपातकालीन सुविधाओं की सख्त जरूरत है, ताकि जरुआ गांव के लोग अपने गांव में सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन जी सकें

इनका कहना-

इस संबंध में सहायक यंत्री हरि कृष्ण राज का कहना है कि इमलीडोल से जरुआ की सड़क प्रधानमंत्री में स्वीकृत हो चुकी है शीघ्र ही टेंडर होने वाले हैं टेंडर के बाद सडक बनाने का काम शुरू होगा :हरिकृष्ण राज सहायक यंत्री जनपद पंचायत तेंदूखेड़ा”

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मैं सूरज सेन पिछले 6 साल से पत्रकारिता से जुड़ा हुआ हूं और मैने अलग अलग न्यूज चैनल,ओर न्यूज पोर्टल में काम किया है। खबरों को सही और सरल शब्दों में आपसे साझा करना मेरी विशेषता है।
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