पहली पत्नी को तलाक दिए बिना पति ले आया दूसरी पत्नी,महिला पहुंची थाने,ओर पति ने कहा कुछ ऐसा…
छतरपुर। जिले के सूरजपुर गांव से घरेलू हिंसा और बिना तलाक दूसरी शादी का गंभीर मामला सामने आया है। दिव्यांग महिला हेमलता साहू ने अपने पति राकेश साहू और ससुराल पक्ष के खिलाफ पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत दर्ज कर न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता का आरोप है कि दहेज की मांग पूरी न होने पर उसके साथ मारपीट की गई और बीमारी के दौरान संदिग्ध दवा दिए जाने से उसकी आंखों की रोशनी चली गई।
हेमलता साहू, निवासी कमला कॉलोनी छतरपुर, ने बताया कि उसकी शादी वर्ष 2021 में ग्राम सूरजपुरा निवासी लक्ष्मण उर्फ राकेश साहू से हुई थी। विवाह के कुछ समय बाद ही ससुराल पक्ष द्वारा दो लाख रुपये की मांग की जाने लगी। मांग पूरी न होने पर उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया गया। पीड़िता का कहना है कि बीमारी के समय उसे जबरन कुछ खिलाया गया, जिसके बाद उसकी दृष्टि लगभग पूरी तरह समाप्त हो गई। दिव्यांग होने के बाद उसे परिवार पर बोझ बताकर घर से निकाल दिया गया।
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि उसके पति ने बिना तलाक लिए एक लाख रुपये में राजकुमारी नाम की महिला को लाकर दूसरी शादी कर ली। अगस्त महीने में समझौते के नाम पर बुलाकर उसके साथ फिर से मारपीट की गई, जिसमें उसके सिर में गंभीर चोटें आईं। अब वह दैनिक कामों के लिए भी दूसरों पर निर्भर हो गई है।
नोटरी दस्तावेज को लेकर विवाद
हेमलता का कहना है कि उसके अंधेपन का फायदा उठाकर उससे नोटरी दस्तावेजों पर अंगूठा लगवाया गया। इन कागजातों में यह लिखा गया कि वह अपनी सहमति से पति की दूसरी शादी करवा रही है। पीड़िता का आरोप है कि वह कानूनी प्रक्रिया से अनजान थी और उसे धोखे में रखकर दस्तखत कराए गए।
वहीं दूसरी महिला राजकुमारी का दावा है कि पूरी प्रक्रिया तीनों की सहमति से हुई थी और लिखित दस्तावेज भी तैयार किए गए थे। पुलिस का कहना है कि नोटरी और सहमति की वैधानिक स्थिति जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी।
पति और दूसरी महिला के बयान
पति राकेश साहू का कहना है कि उसकी पहली पत्नी हेमलता पहले से ही दृष्टिहीन थी और यह बात उससे छिपाकर शादी कराई गई थी। इसी कारण उसने राजकुमारी को सीधी जिले से लाकर लिव-इन में रखा। राकेश का दावा है कि उसने हेमलता को घर से नहीं निकाला और वह आज भी उसके साथ रह सकती है। उसने मारपीट के आरोपों को निराधार बताया है।
राजकुमारी साहू ने कहा कि वह हेमलता की सेवा के उद्देश्य से घर आई थी और शुरुआत में तीनों मिल-जुलकर रह रहे थे। उसने हेमलता की देखभाल करने, भोजन, कपड़े और दैनिक जरूरतों में सहयोग देने की बात कही। राजकुमारी का दावा है कि कोर्ट मैरिज और नोटरी की प्रक्रिया सभी की सहमति से हुई थी और अब उस पर झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं।
पुलिस जांच जारी
सीएसपी छतरपुर अरुण सोनी ने बताया कि थाना बमीठा क्षेत्र से शिकायत प्राप्त हुई है। आरोपों की जांच की जा रही है और सभी पक्षों से पूछताछ की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस तरह के मामलों में स्टांप या नोटरी पर की गई लिखा-पढ़ी को कानूनन वैध नहीं माना जाता। जांच के बाद तथ्यों के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।








