बिना लाइसेंस दूसरी मंजिल पर रखा था आतिशबाजी का सामान, पुलिस-प्रशासन की संयुक्त टीम ने मारा छापा; 72 वर्षीय उत्तमचंद्र जैन के खिलाफ मामला दर्ज
सागर। त्योहारों के मद्देनजर अवैध पटाखों के भंडारण और कारोबार पर पुलिस ने सख्ती शुरू कर दी है। इसी कड़ी में रहली में पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम ने घनी आबादी वाले रिहायशी इलाके में संचालित एक गोदाम पर छापा मारकर करीब 60 हजार रुपये कीमत के पटाखे जब्त किए हैं। जांच में सामने आया कि गोदाम में बिना वैध लाइसेंस के बड़ी मात्रा में आतिशबाजी का सामान रखा गया था। पुलिस ने इस मामले में 72 वर्षीय उत्तमचंद्र जैन के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है।
पुलिस के मुताबिक, 01 नवंबर 2026 को रहली थाने में पदस्थ उपनिरीक्षक हरिसिंह तोमर पुलिस बल और तहसीलदार रहली के साथ कस्बे में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि वार्ड क्रमांक 10 निवासी उत्तमचंद जैन ने घनी आबादी के बीच स्थित ‘पप्पन (प्राइम स्नेक्स)’ के गोदाम में बड़ी मात्रा में पटाखे जमा कर रखे हैं। सूचना में यह भी बताया गया कि इसके लिए कोई वैध लाइसेंस नहीं लिया गया है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और प्रशासन की टीम ने गवाहों की मौजूदगी में गोदाम की तलाशी ली। इस दौरान दूसरी मंजिल पर बने हॉल में बड़ी संख्या में पटाखे मिले। कुछ पटाखे खुले में रखे थे, जबकि बाकी कार्टून और बोरियों में भरे हुए थे।
तलाशी के दौरान पुलिस को सुतली बम, बुलेट बम, चकरी, अनारदाना, रॉकेट, लड़ियों वाले पटाखे, फुलझड़ी समेत कई तरह की आतिशबाजी सामग्री मिली। जब्त किए गए पूरे सामान की अनुमानित कीमत करीब 60 हजार रुपये बताई गई है।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने गोदाम संचालक उत्तमचंद्र जैन (72), पिता स्वर्गीय बाबूलाल जैन, निवासी वार्ड क्रमांक 10 रहली, से पटाखों के भंडारण और खरीद-बिक्री से संबंधित लाइसेंस व अन्य दस्तावेज मांगे। हालांकि, वह मौके पर कोई वैध अनुमति पत्र या दस्तावेज पेश नहीं कर सके।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह करीब तीन दिन पहले सागर से पटाखे लेकर आया था और उन्हें गोदाम में जमा कर दिया था। रिहायशी इलाके में इतनी बड़ी मात्रा में विस्फोटक सामग्री रखने से आसपास रहने वाले लोगों की सुरक्षा को खतरा हो सकता था। पुलिस और प्रशासन की टीम ने समय रहते कार्रवाई करते हुए पूरा सामान जब्त कर लिया।
रहली थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 288 और 125 के अलावा विस्फोटक अधिनियम 1884 की धारा 9(ख) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 35(3) के तहत नोटिस भी तामील कराया है। फिलहाल मामले की आगे जांच की जा रही है।
सागर पुलिस की नागरिकों से अपील
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि पटाखों की खरीद-बिक्री और उनका भंडारण केवल वैध लाइसेंस के आधार पर तथा निर्धारित सुरक्षा नियमों का पालन करते हुए ही करें। रिहायशी इलाकों, मकानों और अन्य असुरक्षित स्थानों पर पटाखे या विस्फोटक सामग्री जमा न करें। पुलिस के मुताबिक, अवैध रूप से पटाखों का निर्माण, भंडारण और बिक्री करने वालों पर नजर रखी जा रही है। ऐसे मामलों में पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।








