शराब माफियाओं की पिटाई से दो युवकों की मौत, शाहपुर में उग्र प्रदर्शन और चक्काजाम,जाने फिर कैसे हुआ शांत
सागर जिले के शाहपुर पुलिस चौकी क्षेत्र में शराब माफियाओं की मारपीट में घायल दूसरे युवक की भी मौत हो जाने के बाद रविवार को ग्रामीणों और परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। नाराज लोगों ने सुबह करीब 9 बजे शाहपुर बस स्टैंड के पास सड़क पर चक्का जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया। करीब चार घंटे तक चले प्रदर्शन के बाद दोपहर करीब 1 बजे प्रशासनिक अधिकारियों और पूर्व मंत्री व रहली विधायक गोपाल भार्गव के आश्वासन पर मामला शांत हुआ।
प्रदर्शन कर रहे लोगों ने सभी आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी, शाहपुर चौकी प्रभारी को हटाने और मामले में लापरवाही बरतने वालों पर सख्त कार्रवाई की मांग की। विधायक गोपाल भार्गव ने फोन पर पुलिस अधिकारियों से बात कर निष्पक्ष कार्रवाई का भरोसा दिलाया। उन्होंने मृतकों के परिजनों को अपनी ओर से आर्थिक सहायता राशि दी और शासन स्तर से भी मदद दिलाने का आश्वासन दिया।
जानकारी के अनुसार शुक्रवार रात शाहपुर निवासी नीरज प्रजापति अपने साथी सूरज अहिरवार के साथ बिजली फिटिंग का सामान लेने गढ़ाकोटा गया था। देर रात लौटते समय रास्ते में बोलेरो से आए 10 से 12 लोगों ने उन्हें रोक लिया। शराब बेचने के शक में आरोपियों ने दोनों युवकों के साथ लाठी-डंडों और लात-घूंसों से जमकर मारपीट की। हमले में नीरज गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि सूरज किसी तरह जान बचाकर भाग निकला।
शनिवार सुबह नीरज प्रजापति का शव बरेठा बाबा की घाटी के पास सड़क किनारे पड़ा मिला। आरोप है कि हत्या को सड़क हादसा दिखाने के लिए शव को वहां फेंका गया था। वहीं घायल सूरज अहिरवार की इलाज के दौरान मौत हो गई।
फिलहाल पुलिस ने सूरज के बयान के आधार पर अंशुल, छोटू, भगवत, नीलेश सहित अन्य लोगों के खिलाफ हत्या समेत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।








