सागर : 2 करोड़ की नल-जल योजना में कमीशनखोरी, पीएचई अधिकारी का ड्राइवर ₹1.5 लाख लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
सागर। नए साल के पहले ही सप्ताह में सागर लोकायुक्त पुलिस ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग (पीएचई) के एक वरिष्ठ अधिकारी को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया। बुधवार को लोकायुक्त टीम ने पीएचई कार्यालय परिसर में कार्यपालन यंत्री एस.एल. बाथम की कार में बैठे उसके ड्राइवर फूल सिंह यादव को डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए धर दबोचा। इस मामले में लोकायुक्त पुलिस ने कार्यपालन यंत्री और उसके ड्राइवर दोनों को आरोपी बनाया है।
लोकायुक्त पुलिस के अनुसार कार्यपालन यंत्री एस.एल. बाथम द्वारा एक ठेकेदार से कुल 6 लाख रुपये की रिश्वत मांगी जा रही थी। आरोप है कि दो गांवों में नल-जल योजना के अधूरे कार्यों को रिवाइज कर पूरा कराने तथा पुराने लंबित बिलों के भुगतान के एवज में यह रिश्वत मांगी गई। इन कार्यों के लिए शासन द्वारा करीब 2 करोड़ 16 लाख रुपये का टेंडर स्वीकृत था, जिसमें 3.50 प्रतिशत कमीशन के आधार पर 6 लाख रुपये की मांग तय की गई थी।
पीड़ित ठेकेदार शैलेश कुमार ने मामले की शिकायत सागर लोकायुक्त पुलिस से की थी। शिकायत का सत्यापन होने के बाद लोकायुक्त टीम ने जाल बिछाया। कार्रवाई के तहत ठेकेदार को 500-500 रुपये के नोटों की तीन गड्डियां, जिन पर केमिकल पाउडर लगाया गया था, सौंपा गया।
योजना के अनुसार पहली किश्त के रूप में डेढ़ लाख रुपये अधिकारी के ड्राइवर फूल सिंह यादव को कार में बैठकर दिए गए। जैसे ही राशि का लेन-देन हुआ, पहले से तैनात लोकायुक्त टीम ने मौके पर दबिश देकर ड्राइवर को रंगे हाथों पकड़ लिया।
यह पूरी कार्रवाई निरीक्षक कमल सिंह और रणजीत सिंह के नेतृत्व में गठित 10 सदस्यीय लोकायुक्त टीम द्वारा की गई। लोकायुक्त पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपी अधिकारी व उसके ड्राइवर से पूछताछ की जा रही है। मामले की विस्तृत जांच जारी है।








