आबकारी आरक्षक भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी : 12 अभ्यर्थियों की उम्मीदवारी रद्द, भोपाल से दर्ज एफआईआर के बाद पुलिस जांच शुरू
रतलाम। मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल द्वारा आयोजित आबकारी आरक्षक भर्ती परीक्षा-2025 में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। रतलाम के एक परीक्षा केंद्र पर हुई जांच में 12 अभ्यर्थियों को अनुचित लाभ पहुंचाने की कोशिश उजागर हुई है। इसके बाद संबंधित सभी अभ्यर्थियों की उम्मीदवारी निरस्त कर दी गई है।
जानकारी के मुताबिक, यह परीक्षा 9 सितंबर से 21 सितंबर 2025 के बीच आयोजित की गई थी। परीक्षा संपन्न होने के बाद मंडल ने अपनी निर्धारित मानक प्रक्रिया के तहत अभ्यर्थियों के अंकों और उनकी गतिविधियों का विस्तृत डेटा विश्लेषण किया। इसी दौरान रतलाम पब्लिक स्कूल स्थित परीक्षा केंद्र के 12 परीक्षार्थियों की गतिविधियां संदिग्ध पाई गईं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए परीक्षा केंद्र के सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी रिकॉर्ड की जांच कराई गई। जांच में एक व्यक्ति इन अभ्यर्थियों को अनुचित सहायता देने का प्रयास करते हुए दिखाई दिया। इसके आधार पर मंडल ने तत्काल प्रभाव से संबंधित 12 अभ्यर्थियों की उम्मीदवारी समाप्त कर दी।
इस पूरे प्रकरण को लेकर मंडल के प्रिंसिपल सिस्टम एनालिस्ट प्रणीत सिजरिया ने 26 फरवरी 2026 को भोपाल के एमपी नगर थाने में शिकायत दर्ज कराने के लिए आवेदन प्रस्तुत किया। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 318(4) के तहत अपराध क्रमांक शून्य पर एफआईआर दर्ज की। चूंकि घटना रतलाम में घटित हुई थी, इसलिए प्रकरण आगे की कार्रवाई के लिए रतलाम के औद्योगिक क्षेत्र थाने को स्थानांतरित कर दिया गया।
भोपाल से केस डायरी प्राप्त होने के बाद रतलाम पुलिस ने विधिवत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। औद्योगिक क्षेत्र थाना प्रभारी सत्येंद्र रघुवंशी ने बताया कि सामान्य प्रशासन विभाग, भोपाल से भी आवश्यक जानकारी मांगी गई है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि परीक्षा केंद्र पर हुई इस गड़बड़ी में किन-किन लोगों की भूमिका रही और यह किस स्तर पर की गई।
फिलहाल मामले की जांच जारी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उपलब्ध तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।








